अंचल में ताला बंद था,जिसके कारण हाजिरी बही की जांच नहीं की जा सकी।

गढ़वा : जिले के कांडी प्रखंड व अंचल कार्यालय में शनिवार को विभिन्न कार्यों के लिए दूर- दूर से आए जनता की शिकायत पर प्रखंड बीस सूत्री अध्यक्ष-रामलला दुबे व विधायक प्रतिनिधि- अजय सिंह ने प्रखंड ,अंचल व बाल विकास कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के क्रम में कई कर्मी अनुपस्थित पाए गए। प्रखंड कर्मियों का उपस्थिति पंजी के जांच में पाया गया कि प्रखंड कार्यालय में अशोक कुमार व अरविंद कुमार को छोड़कर कोई भी कर्मी उपस्थित नहीं था। वहीं यकिफ़ अंसारी का छुट्टी का आवेदन लगा था ।अंचल में ताला बंद था,जिसके कारण हाजिरी बही की जांच नहीं की जा सकी।

 

प्रखंड व अंचल में एक भी ऑपरेटर उपस्थित नहीं थे। अंचल नाजिर-विजय राम के अनुपस्थित रहने पर ऑपरेटरों की हाजिरी की जांच नहीं हो सकी। वहीं बाल विकास परियोजना कार्यालय में एक भी कर्मी उपस्थित नहीं पाए गए। प्रखंड बीस सूत्री अध्यक्ष- रामलाला दुबे ने नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि इसकी शिकायत उच्च अधिकारी से की जाएगी। कहा कि कांडी मुख्यालय में कर्मचारी व पदाधिकारी हमेशा ही नदारद रहते हैं।उक्त सभी कर्मी व पदाधिकारी कांडी से 50 किलोमीटर की दूरी पर गढ़वा में रहकर मन मौजी तरीके से प्रखंड मुख्यालय आते हैं। शुक्रवार को प्रखंड दिवस के दिन हजारों ग्रामीण जनता अंचल व प्रखंड कार्यालय आए और निराश होकर पदाधिकारी को कोसते हुए चले गए। इनलोगों के उदासीन रवैया के कारण प्रखंड की जनता आक्रोशित होकर कहते फिर रहे हैं कि प्रखंड कर्मी बेलगाम हो गए हैं। सरकार के निर्देश के बाद भी कर्मी अपनी लापरवाही से बाज नहीं आते।श्री दुबे ने बताया कि इसकी शिकायत मुख्यमंत्री व मुख्य सचिव से की जाएगी।

युवक लगातर पलायन के शिकार हो रहे है

गढ़वा : युवक लगातार पलायन के शिकार हो रहे हैं। बेरोजगार युवक मारे फिरे तो चल ही रहे हैं ।वहीं युवक का जीवन बेरोजगारी दूर करने के संघर्ष में हमेशा के लिए चादर में भी लिपट रहा है।गरीबी के कारण अन्य राज्यों में जाकर बेरोजगारी दूर करने के लिए उन्हें जीवन की बलि भी देने पड़ रहे हैं। क्या पता कि मजदूरी करने गया युवक सुरक्षित घर पहुंच पाएगा या नहीं।खबर भी कुछ इस प्रकार की ही है।घटना है,कांडी थाना क्षेत्र अंतर्गत भंडरिया गांव की।उक्त गांव निवासी-हसन चौधरी का 26 वर्षीय पुत्र-विनय चौधरी की मौत हो गयी।परिजनों ने जानकारी देते हुए बताया कि विनय अगस्त महीना में मजदूरी करने आंध्र प्रदेश के विशाखापटनम गया था।करिवाडीह,मोरबे मझिआंव का निवासी-नरेश चौधरी उसे मजदूरी करने के लिए ले गया था।

परिजनों ने ठीकेदार-नरेश को दोषी बताते हुए कहा कि विनय कुछ दिन से बीमार था।ठीकेदार ने ना ही पैसे दिया ,ना ही उसे इलाज कराया।उसे घर आने के लिए पैसा भी नहीं दिया गया।किसी प्रकार वह घर आ रहा था।परिजनों ने मोबाइल से संपर्क करने की कोशिश की।दुर्भाग्य की कॉल प्राप्तकर्ता दूसरे भाषा का प्रयोग कर रहा था।फिर नम्बर बंद बताने लगा। फिर क्या,परिजनों में घबराहट मच गयी। इस संबंध में कांडी थाना में आवेदन दिया गया। उसके बाद परिजनों ने खोज-बिन शुरू किया। पता करते-करते अथक प्रयास के बाद उड़ीसा के झारसुगड़ा रेलवे स्टेशन पर जीआरपी से संपर्क के बाद परिजनों के बताए अनुसार हु-बहु लड़का को मृत अवस्था में शव मिलने व लावारिश समझकर दफनाने की खबर मिली।परिजनों के द्वारा दफनाए शव को निकलवा कर ,पहचान कर शनिवार को सुबह पैतृक आवास लाया गया।शव देखने के लिए ग्रामीणों की भीड़ उमड़ पड़ी। परिजनों का रो रो कर बुरा हाल तो था ही।साथ ही पूरा गांव भी गमगीन था।मृतक अपने पिछे पत्नी,एक पुत्र व पुत्री छोड़ गया।